ऋषिकेश। उच्चतम न्यायालय के आदेश के अनुपालन में ऋषिकेश स्थित वन विभाग की भूमि से अतिक्रमण हटाने गई पुलिस, वन विभाग और प्रशासन की संयुक्त टीमों पर उपद्रवियों द्वारा की गई पत्थरबाजी की घटना को लेकर पुलिस ने सख्त रुख अपनाया है। इस घटना में आमजन को उकसाकर कानून व्यवस्था भंग करने वाले असामाजिक तत्वों की पहचान की प्रक्रिया तेज कर दी गई है। पुलिस के अनुसार 28 दिसंबर 2025 को जब संयुक्त टीमें वन भूमि से अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई कर रही थीं, उसी दौरान कुछ उपद्रवियों ने लोगों को भड़काकर पथराव करवा दिया। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि कई ऐसे लोग भी इस घटना में शामिल थे, जिनका वन विभाग की भूमि या अतिक्रमण से कोई प्रत्यक्ष संबंध नहीं था, बावजूद इसके उन्होंने जानबूझकर माहौल बिगाड़ने का प्रयास किया।
कोतवाली ऋषिकेश पुलिस द्वारा घटनास्थल पर ली गई फोटो, वीडियो और ड्रोन के माध्यम से की गई कवरेज के आधार पर उपद्रवियों की पहचान की जा रही है। पुलिस का कहना है कि उकसाने वालों और पत्थरबाजी में शामिल सभी लोगों को चिन्हित कर उनके खिलाफ विधिसम्मत कठोर कार्रवाई की जाएगी। पुलिस ने आम जनता से अपील की है कि यदि किसी के पास इन उपद्रवियों के संबंध में कोई भी जानकारी उपलब्ध हो तो वह तत्काल मोबाइल नंबर 9411112815 पर सूचना दे। पुलिस ने स्पष्ट किया है कि सूचना देने वाले व्यक्ति की पहचान पूरी तरह गोपनीय रखी जाएगी। प्रशासन और पुलिस ने दो टूक कहा है कि कानून व्यवस्था से खिलवाड़ करने वालों को किसी भी सूरत में बख्शा नहीं जाएगा।
