चुनावी रणनीति को लेकर हुई चर्चा, गदरपुर विधानसभा में लगातार बढ़ा रहे सक्रियता
गदरपुर। गदरपुर विधानसभा क्षेत्र की सियासत में इन दिनों समाजवादी पार्टी के पूर्व कोषाध्यक्ष सत्येंद्र कुमार राय की बढ़ती सक्रियता चर्चा का विषय बनी हुई है। इसी बीच सत्येंद्र कुमार राय ने उत्तर प्रदेश के मऊ से विधायक अब्बास अंसारी से मुलाकात की। दोनों के बीच आगामी राजनीतिक गतिविधियों और चुनावी रणनीति को लेकर चर्चा होने की जानकारी सामने आई है। इस मुलाकात के बाद गदरपुर के राजनीतिक गलियारों में तरह-तरह की चर्चाएं शुरू हो गई हैं।
सत्येंद्र कुमार राय का बंगाली समाज से विशेष जुड़ाव बताया जाता है। वह लंबे समय तक सेंचुरी पेपर मिल, लालकुआं में कार्यरत रहे हैं। अपने कार्यकाल के दौरान उन्होंने क्षेत्र के कई लोगों को रोजगार दिलाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। स्थानीय स्तर पर दर्जनों लोगों को नौकरी दिलाने में उनकी भूमिका का भी उल्लेख किया जाता है।
पिछले कुछ महीनों से सत्येंद्र कुमार राय गदरपुर विधानसभा क्षेत्र में लगातार सक्रिय हैं। वह विभिन्न क्षेत्रों में लोगों से जनसंपर्क कर रहे हैं और जनता के बीच अपनी राजनीतिक जमीन मजबूत करने में जुटे हैं। उनकी इस सक्रियता को आगामी विधानसभा चुनाव की तैयारियों से जोड़कर देखा जा रहा है।
मीडिया से बातचीत के दौरान सत्येंद्र कुमार राय ने कहा कि यदि इस बार जनता उन्हें सेवा का मौका देती है तो वह गदरपुर क्षेत्र को एक अलग पहचान दिलाने के लिए पूरी ताकत से काम करेंगे। उन्होंने क्षेत्र के विकास और जनता से जुड़े मुद्दों को अपनी प्राथमिकता बताया।
सपा से लंबे समय से जुड़े रहे सत्येंद्र कुमार राय को समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव का करीबी भी बताया जाता है। ऐसे में उनकी गदरपुर विधानसभा में लगातार बढ़ती सक्रियता को राजनीतिक दृष्टि से महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
अब्बास अंसारी से हुई मुलाकात ने इस चर्चा को और हवा दे दी है कि आने वाले समय में गदरपुर की राजनीति में कोई नया राजनीतिक समीकरण आकार ले सकता है। हालांकि मुलाकात के दौरान चुनाव को लेकर क्या रणनीति बनी, इसको लेकर दोनों पक्षों की ओर से विस्तृत जानकारी सार्वजनिक नहीं की गई है।
फिलहाल गदरपुर की जनता और राजनीतिक दलों की निगाहें सत्येंद्र कुमार राय की आगे की राजनीतिक गतिविधियों पर टिकी हैं। आने वाले दिनों में उनकी सक्रियता किस दिशा में जाती है और क्या वह आगामी चुनाव में कोई बड़ी राजनीतिक भूमिका निभाते हैं, यह देखना दिलचस्प होगा।
रिपोर्ट अर्जुन कमार।


